BALI ने केंद्र से मांगे Trauma Center-Heli Ambulance

शिमला। परिवहन मंत्री जीएस बाली ने प्रदेश में सड़क व्यवस्था के लिए परिवहन के वैकल्पिक माध्यमों का पता लगाने दुर्घटनाओं में जीवन के नुकसान को कम करने व दुर्घटना पीड़ितों को बचाने के लिए पर्वतीय राज्यों को विशेष सहायता प्रदान करने पर बल दिया। बाली नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन, उच्च मार्ग एवं भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी की अध्यक्षता में आयोजित राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा परिषद की 17वीं बैठक में बोल रहे थे। उन्होंने हिमाचल प्रदेश में सड़क सुरक्षा में सुधार लाने के लिए परिवहन के वैकल्पिक माध्यमों की संभावनाओं का सुझाव दिया, क्योंकि राज्य में सड़कें यातायात का मुख्य साधन हैं। उन्होंने परवाणु से शिमला के लिए रज्जू मार्ग का प्रस्ताव रखा और  जल परिवहन के विकास के लिए राज्य के प्रस्ताव पर विचार करने का आग्रह किया।

  • black-spotsपरिवहन मंत्री  ने गडकरी के सामने रखा प्रस्ताव
  • हिमाचल में वैकल्पिक परिवहन माध्यम तलाशने पर बल
  • सड़क सुरक्षा परिषद बैठक में पर्वतीय राज्यों को विशेष सहायता की मांग

उन्होंने सड़क दुर्घटनाओं में जान की क्षति को कम करने तथा दुर्घटना पीड़ितों को बचाने के लिए पर्वतीय राज्यों को विशेष सहायता प्रदान करने पर बल दिया। उन्होंने राज्य के लिए और अधिक ट्रॉमा केंद्रों,  हेलि एंबुलेंस का प्रावधान करने, जीवन रक्षक एंबुलेंस प्रदान करने तथा गति पर अंकुश के लिए और अधिक इंटरसेप्टरस का प्रावधान करने का सुझाव दिया। इसके अतिरिक्त उन्होंने दुर्घटना पीड़ितों को बचाने के लिए तथा दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को निकालने के लिए बड़ी क्रेनों का प्रावधान करने का भी सुझाव दिया।

बाली ने कहा कि सड़कों पर ब्लैक स्पॉट्स में सुधार करने की आवश्यकता है। उन्होंने सड़क सुरक्षा में सुधार लाने के और बेहतर उपाय सीखने के लिए मंत्रियों के समूह का दूसरे देशों में दौरे का भी सुझाव दिया। केंद्रीय मंत्री ने समारोह के दौरान हिमाचल पथ परिवहन निगम के दो चालकों चंबा डिपो के जसवंत सिंह तथा रिकांगपिओ डिपो के कर्म सिंह को सुरक्षित वाहन चलाने के लिए प्रत्येक को 25 हजार रुपये के इनाम भी दिए।

Comments