Advertisements

चैत्र नवरात्र का चढ़ावा : नैना देवी में चढ़ा 91 लाख नगद,सोना-चांदी व विदेशी मुद्रा भी

Chaitra Navaratri Naina Devi Bilaspur, Balasundari temple nahan

- Advertisement -

बिलासपुर। शक्तिपीठ श्री नैना देवी में इस बार चैत्र नवरात्रों में रिकॉर्ड चढ़ावा चढ़ा। नवरात्र के दौरान जहां लाखों श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन किए, वहीं मंदिर में चढ़ावा भी दिल खोलकर चढ़ाया। मेला अधिकारी अनिल चौहान ने बताया कि इस बार मंदिर न्यास को चैत्र नवरात्रों में 91 लाख, 2 हजार 365 रुपए नगद, 349 ग्राम,  90 मिलीग्राम सोना व 11 किलोग्राम 350 ग्राम चांदी प्राप्त हुई। खास बात यह रही कि इस बाद विदेशी मुद्रा भी मां के चरणों में अर्पित की गई, जिनमें 88 यूएसए डॉलर ,220 ऑस्ट्रेलियन डॉलर, 70 रियाल दोहा क़तर, 70 रियाल इंग्लैंड, 15 दिराम यूएई, कनाडा के 30 डॉलर, मलेशिया 1 आरएम और 5 यूरो शामिल हैं।
Naina Devi, Balasundari templeजबकि पिछले वर्ष चैत्र नवरात्रों में मंदिर न्यास को चढ़ावे के रूप में 89 लाख, 68 हजार 190 रुपए नगद, सोना 244 ग्राम चांदी 12 किलो 116 ग्राम प्राप्त हुए थे।  हालांकि पिछले वर्ष की ये आय 10 नवरात्रों की हैं जबकि इस बार 9 दिन की हैं। विदेशी मुद्रा से अनुमान लगाया जा सकता है कि इस शक्तिपीठ पर देश के कोने-कोने से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी श्रद्धालु मां के दर्शनों के लिए पहुंचते हैं।

महामाया बालासुंदरी के दरबार में धनवर्षा, नगदी का आंकड़ा एक करोड़ के पार

नाहन। त्रिलोकपुर स्थित महामाया माता बालासुंदरी मंदिर में इस बार भारी धन वर्षा हुई। त्रिलोकपुर मेले के 11वें दिन तक 5 लाख  35 हजार श्रद्धालुओं ने किए माता के दर्शन कर 1 करोड़ 21 लाख 22 हजार 639 रुपए की नगदी मां के चरणों में अर्पित की। इसके अलावा 146 ग्राम 300 मिली ग्राम सोना व 16 किलो 980 ग्राम चांदी भी चढ़ाई गई। चैत्र नवरात्र मेले के 11वें दिन 60 हजार श्रद्धालुओं ने माता के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। 11वें दिन श्रद्धालुओं ने 11 लाख 49 हजार  851 रुपए के अतिरिक्त, 2 ग्राम 400 मिलीग्राम सोना और 1 किलो 190 ग्राम चांदी चढ़ावे के रूप चढ़ाई।
बता दें कि 10 दिन तक ही महामाया बालासुंदरी मां का दरबार करोड़पति हो गया था। त्रिलोकपुर में चल रहे नवरात्र मेले के 10वें दिन तक श्रद्धालुओं ने माता के चरणों में एक करोड़ 9 लाख 72 हजार 788 रुपए की नकदी अर्पित की। इसके अलावा 143 ग्राम 900 मिलीग्राम सोना और 15 किलो 790 ग्राम चांदी भी माता के दरबार में चढ़ाई गई। अब तक त्रिलोकपुर में पांच लाख से ज्यादा श्रद्धालु माता के दरबार में हाजरी भर चुके हैं।

Advertisements

- Advertisement -

%d bloggers like this: