Covid-19 Update

2,05,017
मामले (हिमाचल)
2,00,571
मरीज ठीक हुए
3,497
मौत
31,341,507
मामले (भारत)
194,260,305
मामले (दुनिया)
×

Acharya के बोल : Himachal में NDA Academy का प्रस्ताव केंद्र को भेजेंगे

Acharya के बोल :  Himachal में NDA Academy का प्रस्ताव केंद्र को भेजेंगे

- Advertisement -

Acharya’s: जनसंख्या के बजाय बहादुरी के लिए बढ़े भर्ती कोटा

Acharya’s: धर्मशाला। प्रदेश में एनडीए अकादमी खोलने के लिए केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा। इसके साथ ही जनसंख्या के बजाय बहादुरी देखते हुए हिमाचल के युवाओं का भर्ती कोटा अलग से देने की मांग भी वह केंद्र सरकार तक पहुंचाएंगे। प्रदेश एक्स सर्विसमैन लीग के वार्षिक सम्मेलन में पहुंचे राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने यह बात कही।

इसके साथ ही राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि वेदों के अनुसार भगवान ने भी भूमि को वीरों के हवाले किया है और वीर भी इस भूमि की रक्षा के लिए अपने प्राण तक हंसकर न्योछावर कर देते हैं। दुनिया में हर समय कमजोर और बलवान का संघर्ष चलता रहता है। जो वीर होगा वही जीवित रहेगा और कमजोर को जीने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि भारतीय सेनाओं ने अदम्य साहस का परिचय समय-समय पर दिया और यही वजह है कि देश आज भी गर्व से सीना ताने खड़ा है। मरना एक दिन सभी को है, लेकिन जो देश के लिए प्राणों की आहुति देता है उसे हमेशा याद रखा जाता है।


पूर्व सैनिकों व उनके परिजनों का किया सम्मान

आचार्य ने कहा कि हिमाचली वीरों ने देवभूमि हिमाचल को अपनी वीरता से वीर भूमि बना दिया है। देश को आजादी के दीवानों ने आजाद करवाया, लेकिन उस आजादी की रक्षा अब देश के वीर सैनिक कर रहे हैं। राज्यपाल ने हिमाचली वीरों के कुछ संस्मरण याद किए और वीर सपूतों और उनके परिजनों की बहादुरी को नमन किया। आचार्य देवव्रत ने कहा कि मोदी सरकार को ओआरओपी की मांग को स्वीकार किया उसके लिए पूर्व सैनिक उनका आभार जता रहे हैं, लेकिन यह मांग पूरी करके मोदी सरकार भी सम्मान महसूस करती है। इस अवसर पर परमवीर चक्र विजेता नायब सूबेदार संजय कुमार, मेजर सोमनाथ शर्मा की भतीजी राधिका शर्मा, कैप्टन धन सिंह थापा के  भतीजे कैप्टन विजेंदर सिंह कार्की ओर कैप्टन विक्रम बतरा के पिता जीएल बतरा को राज्यपाल ने सम्मानित किया।

हिमाचल को अलग से भर्ती कोटा मिले तो होगा वीरों का सम्मान

विशेष अतिथि लेफ्टिनेंट जनरल बलबीर सिंह ने कहा कि हिमाचल देवभूमि ही नहीं बल्कि वीर भूमि भी है। जितने वीर बहादुर हिमाचल के हैं शायद उतने अन्य राज्यों के नहीं हैं। बहादुरी पुरस्कारों में भी हिमाचलियों की संख्या बहुत अधिक है। इसलिए हिमाचलियों के लिए अलग से भर्ती कोटा होना देश के लिए गर्व की बात होगी और हिमाचल के वीरों का सम्मान भी होगा। मानकोटिया एक सैनिक नेता हैं और हमेशा पूर्व सैनिकों के हितों के लिए सबसे आगे रहते हैं। जब यह सरकार में मंत्री होते थे तब भी सैन्य प्रशासन के साथ सैनिकों के हितों की बात करते रहे। 

सभी पूर्व सैनिक मोदी के आभारी

लेफ्टिनेंट जनरल बलबीर सिंह ने कहा कि पूर्व सैनिक संगठन एक गैर राजनीतिक संगठन है। हम किसी पार्टी के साथ नहीं हैं लेकिन जब भी कोई पूर्व सैनिक मैदान में हो तो उसका साथ देना हमारा फर्ज बनता है। उन्होंने अपील की के कोई भी पूर्व सैनिक अगर चुनावी मैदान में उतरे तो उसे सभी पूर्व सैनिक समर्थन करें। ओआरओपी को लेकर लीग के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि आजादी के बाद यह सेना के कल्याण के लिए सबसे बड़ा फैसला है। करीब 5 पीएम हुए जो कि इस मुद्दे से सहमत थे और कहते रहे कि ओआरओपी मिलना चाहिए, लेकिन दिया किसी ने नहीं। मोदी ने अपना वादा निभाया है उसके लिए सभी पूर्व सैनिक मोदी के आभारी हैं। देश मे सेना की एक अलग छवि है ओर पूर्व सैनिक ओर वर्तमान सैनिक उस छवि को कायम रखने में कोई कसर न छोड़ें।

यह भी पढ़ें -DHUMAL को शंकाः तिरंगे झंड़ों की खरीद में गड़बड़

- Advertisement -

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper


विशेष




सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है