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Budget session : क्षेत्रवाद सीएम के Genes में… BJP को दोष न दें

Budget session : क्षेत्रवाद सीएम के Genes में… BJP को दोष न दें

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शिमला। विधानसभा में आज बीजेपी सदस्य रविंद्र रवि ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर तीखे हमले बोले। उन्होंने सीएम वीरभद्र सिंह पर आरोप लगाए कि वे क्षेत्रवाद की राजनीति करते हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्रवाद सीएम के Genes में हैं, लेकिन वे बीजेपी को इसके लिए दोष देते हैं। उन्होंने कहा कि सीएम चुनाव को देखकर ही घोषणाएं करते हैं।

  • बीजेपी विधायक रविंद्र रवि ने सीएम पर बोला तीखा हमला
  • कहा, अंडर गारमेंट्स का बिजनेस किया, ईडी-सीबीआई तो नहीं लगी पीछे

उन्होंने कहा कि धर्मशाला को दूसरी राजधानी की घोषणा का वे स्वागत करते हैं। लेकिन साथ ही कहा कि वे कागजी कार्रवाई न करें, बल्कि इसे जम्मू-कश्मीर की तर्ज पर 6 माह के लिए धर्मशाला को दूसरी राजधानी बनाएं और सचिवालय समेत सभी कार्यालय वहां शिफ्ट करें। रवि ने कहा कि हालांकि हिमाचल छोटा प्रदेश है और इसकी आवश्यकता नहीं थी। उन्होंने इस दौरान पुरानी अधिसूचनाओं की प्रतियां भी निकाली और कहा कि धर्मशाला में स्कूल बोर्ड शिफ्ट करने का फैसला तत्कालीन शांता कुमार की कैबिनेट ने लिया था।

इसके अलावा कई विभाग बीजेपी की सरकार ने वहां शिफ्ट किए थे। रवि ने राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान सीएम पर निशाना साथा। उन्होंने कहा कि सीएम कहते हैं कि वे जुगाड़ से सरकार चला रहे हैं। उन्होंने तंज में कहा कि सीएम तो बचपन से ही जुगाड़ कर रहे हैं। शिमला के गैजेटियर को दिखाकर रवि ने कहा कि इसे भी जला दिया गया था, लेकिन इसकी मूल कापी को ढूंढकर निकाल लाए हैं। उन्होंने 1990 के मल्होत्रा आयोग की रिपोर्ट का भी जिक्र किया और कहा कि रोहड़ू में क्षेत्र विशेष के लोगों को पीटा गया और वहां से 22 लोगों को भगाया गया था। उस दौरान वहां 32 लाख रूपए का नुकसान हुआ था। बीजेपी नेता ने कहा कि सीएम की उन टिप्पणियों पर भी आपत्ति जताई जो, सीएम ने उनके खिलाफ और बीजेपी नेताओं व विधायकों पर की। उन्होंने कहा कि सीएम जहां भी जाते हैं वे वहां के बीजेपी विधायक पर टिप्पणी करते हैं। ऐसी टिप्पणी करना उन्हें शोभा नहीं देता। उन्होंने कहा कि सीएम ने उनके खिलाफ टिप्पणी की, इसके लिए वे उनका धन्यवाद करते हैं। साथ ही कहा कि वे ईमानदारी से कार्य करते हैं।

 आंखें नहीं, फिर भी धरने पर बैठना पड़ रहा

रवि ने बेरोजगारी भत्ते पर कहा कि इसकी घोषणा की है तो इसे देना चाहिए, लेकिन अभी तक सरकार ने यह नहीं दिया। हो सकता है कि अब बजट में इसका जिक्र हो, लेकिन घोषणा साढ़े चार वर्ष पहले की गई थी। उनका कहना कि बेरोजगारों की इतनी भारी फौज है कि यदि चतुर्थ श्रेणी से लेकर मुख्य सचिव को रिटायर कर सभी पद भरें तो भी तीन लाख ही पद भरे जाएंगे, और 9 लाख फिर भी बेरोजगार रहेंगे। रवि ने केंद्रीय विवि पर भी बात रखी और कहा कि केंद्रीय विवि के साउथ कैंपस के लिए जो जमीन चिन्हित की गई है, उस 3400 कनाल जमीन की जल्द से जल्द डिमार्केशन की जाए। उन्होंने राज्य सरकार की संवेदनशीलता पर भी सवाल उठाए और कहा कि जिनकी आंखें नहीं, उन्हें भी धरने पर बैठना पड़ रहा है। शिमला में जब भी कोई आपदा आती है तो सीएम शिमला छोड़कर धर्मशाला भाग जाते हैं। जब पीलिया हुआ था तो सीएम यहां से धर्मशाला चले गए और अबकी बार बर्फबारी हुई तो फिर सीएम लोगों को उनके हाल पर छोड़कर धर्मशाला चले गए। उन्होंने यहां के लोगों के हाल तक नहीं पूछे। उन्होंने कहा कि सरकार शिक्षा के क्षेत्र में तरक्की की बात करती है लेकिन हकीकत यह है कि सिरमौर में स्कूल बंद हैं और लोगों को पलायन करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण में केंद्र की योजना का जिक्र नहीं है और स्मार्ट सिटी की भी कोई बात नहीं है। अच्छा होता, यदि इसकी बात भी इसमें डाली जाती।

ईमानदारी से राजनीति कर रहा हूं 

बीजेपी सदस्य रविंद्र रवि ने कहा कि वे कृषक परिवार से संबंधित हैं और ईमानदारी से राजनीति कर रहे हैं। यदि उन्होंने अंडर गारमेंट्स का कार्य किया है तो इसमें बुराई क्या है। उन्होंने कहा कि उनके पीछे न तो सीबीआई लगी है और न ही ईडी लगी है। न उनके घर पर छापा पड़ा। उनका कहना था कि वे ईमानदारी से कार्य करते हैं और कोई छापा नहीं पड़ा। उन्होंने सीएम वीरभद्र सिंह को चुनौती दी कि यदि उनमें हिम्मत है तो वे उसी सीडी को रिज में चलाएं, जो उनकी ही पार्टी के एक नेता ने जारी की थी। उन्होंने कहा कि उन्होंने सेब स्कूटर पर नहीं ढोया। रवि ने ज्वालामुखी से विधायक संजय रतन के हलके में सीएम के दौरे का जिक्र करते हुए कहा कि सीएम ने उनकी कोई भी घोषणा पूरी नहीं की। उन्होंने कहा कि संजय रतन वीरभद्र सिंह के दत्तक पुत्र हैं और उनकी ही कोई मांग पूरी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि लंगड़ू में संजय रतन ने मांग रखी थी और फिर सीएम के कान में कुछ कहा और पिर संजय रतन ने खुद ही घोषणा कर दी कि सीएम साहब ने यहां के लिए सब कुछ दे दिया। इस पर संजय रतन ने कहा कि यदि इस तरह की वीडियो फुटेज है तो दिखाएं, यदि ऐसा हुआ होगा तो वे राजनीति छोड़ देंगे।

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