Covid-19 Update

2,06,832
मामले (हिमाचल)
2,01,773
मरीज ठीक हुए
3,511
मौत
31,810,782
मामले (भारत)
201,005,476
मामले (दुनिया)
×

आशा का खुलासाः 17 Dead Bodies को पार कर किया एवरेस्ट फतह

आशा का खुलासाः 17 Dead Bodies को पार कर किया एवरेस्ट फतह

- Advertisement -

रेवाड़ी। एवरेस्ट फतेह कर घर लौटने के बाद बोली आशा झाझड़िया कहां इन्कमटैक्स और बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का जो मैसेज पीएम नरेंद्र मोदी देना चाहते हैं उसे उन्होंने एवरेस्ट पर तिरंगा लहराकर देश और पूरी दुनिया को दिया है। अब देखना यह है कि पीएम मोदी  मेरे लिए क्या करते हैं। उन्होंने कहा कि परिवार में आकर मुझे बहुत ख़ुशी महसूस हो रही है। क्योंकि जहां हम गए थे उस रास्ते में 17 डेडबॉडीज पड़ी हुई थीं, उन सबको पार करके उन्होंने एवरेस्ट को फतह किया है। एवरेस्ट पर जाना अपनी जान को हथेली पर लेकर जाने के बराबर है। एक आस्ट्रेलिया का व्यक्ति पीक पर जाकर डेड हो गया और उसकी डेडबॉडी आज भी वहीं पर है। वहां का मौसम बहुत खराब था। मैं सही सलामत अपने घर पहुंची हूं और अपने परिवार को देखकर बहुत खुश हूं।

ख़ुशी से झूमें  लों और डीजे पर थिरका पूरा पुलिस लाइन

जब उनसे महिलाओं के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि महिलाएं गहरे से बाहर निकलकर अपनी छिपी हुई प्रतिभा को पहचाने और अपने दिल में दबे सपनों को साकार करें। सपने को पूरा करने की कोई उम्र नहीं होती। अपने अंदर के जूनून को परखने में मुझे पूरे 40 साल लग गए।  रेवाड़ी पुलिस लाइन निवासी आशा झांझड़िया ने माउंट एवरेस्ट पर तिरंगा लहराते हुए बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का संदेश लोगों तक पहुचाने में सफलता हासिल कर हरियाणा का नाम रोशन किया है।


एवरेस्ट फतह करने के बाद आज वह अपने घर लौटीं, जहां उसका जोरदार स्वागत किया गया। 39 वर्षीय आशा झांझड़िया राजस्थान के झुंझुनू जिले की रहने वाली हैं और उनकी शादी 1998 में हरियाणा पुलिस के जवान अजय से हुई। आशा दो बच्चों की मां होने के साथ ही स्टाफ नर्स भी है और उसकी बेटी पढ़-लिखकर डॉक्टर बनना चाहती है और अपनी मां की तरह ही अपना रोशन करना चाहती हैं।

- Advertisement -

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper


विशेष




सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है