Covid-19 Update

14198
मामले (हिमाचल)
10343
मरीज ठीक हुए
171
मौत
6,047,690
मामले (भारत)
33,195,494
मामले (दुनिया)

स्वच्छ पेयजलः 15 साल का Target 23 साल बाद भी Incomplete

स्वच्छ पेयजलः 15 साल का Target 23 साल बाद भी Incomplete

- Advertisement -

धर्मशाला। एक अलग राज्य के रूप में सामने आने के बाद हिमाचल प्रदेश ने कई मुकाम हासिल किए जो कि किसी भी राज्य के लिए एक सपना हो सकते हैं। बेशक प्रदेश ने विकास के मामले में नए आयाम बनाए, लेकिन कुछ मसले ऐसे भी हैं, जिनके मामले में तेजी से काम करने की जरूरत है। यह मसले सीधे तौर पर आम आदमी से जुड़े हुए हैं और इनका लाभ भी आम आदमी को मिलेगा। ऐसा ही एक महत्वपूर्ण मसला है स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाने का, जिसका कि अभी तक संपूर्ण समाधान नहीं हो पाया है।


  • प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों को नहीं मिल पाया साफ पानी
  • आज भी 11 हजार 998 बस्तियों को आंशिक रूप से मिल रहा पेयजल
  • 1993 में हुआ था सर्वेक्षण, 45 हजार 367 बस्तियों में न के बराबर थी आपूर्ति

यह बात सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी आंकड़ों से सामने आई है। विभाग के अनुसार वर्ष 1993 में प्रदेश में जल की उपलब्धता और पर्याप्तता पता करने के लिए एक सर्वेक्षण किया गया था। उस सर्वेक्षण के मुताबिक प्रदेश में 45 हजार 367 ऐसी बस्तियां थीं, जिनमे पेयजल या तो उपलब्ध ही नहीं था या आंशिक रूप से मिल रहा था।

प्रदेश की सभी बस्तियों को पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए एक कार्ययोजना बनाकर मार्च 2008 तक सभी बस्तियों को पूर्णता पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाने  का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया। यह सुविधा देने के लिए 15 वर्ष का समय तय किया गया था, लेकिन 23 वर्ष बीत जाने के बाद भी यह लक्ष्य पूरा नहीं हो पाया है। आज भी प्रदेश में 11 हजार 998 बस्तियां ऐसी हैं जहां आंशिक रूप से पेयजल उपलब्ध हो रहा है। विभाग द्वारा दिए गए आंकड़ों के अनुसार पहली अप्रैल 2016 को प्रदेश में 53 हजार 604 बस्तियां थीं। इनमें से नवंबर 2016 तक 41 हजार 606 बस्तियों में पेयजल सुविधा उपलब्ध करवाई जा चुकी है। यानि उक्त 11 हजार 998 बस्तियों को अभी पूर्ण रूप से पेयजल के लिए इंतजार करना होगा। प्रदेश का सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग इस लक्ष्य को हासिल नहीं कर पाने के लिए प्रदेश की जनसंख्या में हुई वृद्धि और पेयजल स्त्रोतों के सूखने को बाधा बताता है। लेकिन सवाल यह है कि जनसंख्या वृद्धि एक निरतंर प्रक्रिया है तो क्या भविष्य में इस वृद्धि को ध्यान में रखकर योजना नहीं बनाई जा रही है। जलस्त्रोतों का सूखना भी चिंतनीय है, लेकिन यह जल संरक्षण के प्रयासों में तेजी लाने का भी संकेत है। अढ़ाई दशक की इस अवधि में जलस्त्रोतों का सूखना, विभाग के लक्ष्य को इतना प्रभावित कर सकता है तो आगामी समय में क्या हाल होगा इसका अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है।

विभागीय आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में कुल 9 हजार 393 पेयजल आपूर्ति योजनाएं हैं। इनमें से 1820 उठाऊ पेयजल योजनाएं, 7288 जल प्रवाह पेयजल योजनाएं व 285 नलकूप आधारित योजनाएं हैं जिनसे स्वच्छ पेयजल उपलब्ध करवाया जा रहा है। सूखाग्रस्त एवं अत्याधिक पानी की कमी वाले क्षेत्रों में हैंडपंप के माध्यम से पानी की आपूर्ति के प्रयास विभाग कर रहा है। नवंबर 2016 तक प्रदेश में 34 हजार 904 हैंडपंप स्थापित किए जा चुके हैं।

- Advertisement -

loading...
Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

RELATED NEWS

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Top : News

#Corona काल में मुंह मीठा करवाकर पर्यटकों का स्वागत, शिमला में हुआ कुछ ऐसा

#DC की दो टूक- बिना अनुमति स्टेशन छोड़ा तो अधिकारी के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई

Vikramaditya बोले- डॉक्टरों व पैरामेडिकल स्टाफ के खाली पद भरे सरकार, अदला-बदली रोके

पीएम मोदी के Himachal दौरे को लेकर सुरक्षा एजेंसियां Alert, कल मनाली पहुंचेगी SPG

खुली मिठाई खरीदने से पहले देख लें निर्माण और उपयोग की Date, लागू हो रहा यह नियम

Fourlane निर्माण में लगे मजदूरों-वाहनों का नहीं कोई रिकार्ड, SP Mandi के पास पहुंचा मामला

पूर्व केंद्रीय मंत्री #Jaswant_Singh का निधन, राष्ट्रपति कोविंद-पीएम मोदी सहित कई नेताओं ने जताया शोक

पार्क में घूम रहे बैंक मैनेजर ने कांच का टुकड़ा समझकर जो उठाया, निकला 9 कैरेट का हीरा

7वीं पास शख्स ने 'टॉप सीक्रेट' फॉर्मूले से बनाई फर्ज़ी Covid-19 वैक्सीन, हुआ गिरफ्तार

Himachal में ठंड का आगाज, मनाली और भरमौर की ऊंची चोटियों पर हल्का हिमपात

#Corona को मात देकर लौटे मंत्रियों का अनुभव आएगा काम, सरकार करेगी कुछ ऐसा

Scholarship Scam: केसी ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट के वाइस चेयरमैन सहित दो को सशर्त जमानत

बड़ी खबर: BJP चीफ बनने के 8 महीने बाद नड्डा ने बनाई अपनी टीम; एक भी हिमाचली नेता शामिल नहीं

PM Narendra Modi के प्रस्थान तक कुल्लू जिला के अधिकारियों-कर्मियों के पैरों में बेड़ियां

#Cabinet_Breaking: एक विभाग का बदला नाम, भरे जाएंगे ये पद-खुलेंगी ITI

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

राशिफल

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper


विशेष


HP : Board

पहली से आठवीं कक्षाओं के छात्रों की ऑनलाइन परीक्षाओं की Datesheet जारी

#HPBose: डीईएलईडी पार्ट वन और टू का रिजल्ट आउट, कितने सफल, कितने असफल- जानिए

छात्र Online देख सकते हैं SOS की प्रेक्टिकल परीक्षा के अंक , feeding का भी विकल्प

D.El.Ed CET स्पोर्ट्स कैटेगरी काउंसलिंग में आधे अभ्यर्थी ही पात्र

#HPBose: SOS मैट्रिक व जमा दो कक्षाओं की प्रैक्टिकल परीक्षा की डेटशीट जारी

तकनीकी विवि में द्वितीय, चतुर्थ और छठे समेस्टर के छात्रों को किया जाएगा Promote

शिक्षकों-गैर शिक्षकों को स्कूल बुलाने के लिए Notification जारी, विभाग ने ये दिए निर्देश

#HPBose: बोर्ड की अनुपूरक परीक्षाओं से संबंधित जानकारी के लिए घुमाएं ये नंबर

D.El.Ed. CET -2020 की स्पोर्टस कोटे की काउंसिलिंग अब 17 को डाइट में होगी

#HPBose: बोर्ड ने D.El.Ed.CET स्पोर्ट्स कैटेगरी काउंसलिंग की तिथि की तय

#HPBose: हिमाचल शिक्षा बोर्ड ने घोषित किया यह रिजल्ट- जानिए

Himachal के सरकारी स्कूलों में नौवीं से 12वीं के #OnlineExam आज से शुरू

#HPBose: D.El.Ed. CET स्पोर्ट्स कैटेगरी की काउंसलिंग स्थगित- जाने कारण

#HPBose_ Dharamshala: बोर्ड ने घोषित किया यह रिजल्ट, वेबसाइट में देखें

बड़ी खबर: हिमाचल में सितंबर के बाद स्कूल खुलने के संकेत; छात्रों के #Syllabus को लेकर भी बड़ा फैसला



×
सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है