Covid-19 Update

44,405
मामले (हिमाचल)
35,403
मरीज ठीक हुए
711
मौत
9,608,418
मामले (भारत)
66,501,425
मामले (दुनिया)

किन्नरों में अंतिम संस्कार के वक्त निभाई जातीं हैं ये रस्में, जानें

किन्नरों में अंतिम संस्कार के वक्त निभाई जातीं हैं ये रस्में, जानें

- Advertisement -

नई दिल्ली। हमारे समाज में सभी लोगों के शादी या अंतिम संस्कार (funeral) को लेकर अलग-अलग रिवाज होते हैं ऐसे ही हम आपको बताने जा रहे हैं कि किन्नरों में अंतिम संस्कार के वक्त किस तरह की रस्में (rituals) निभाई जातीं हैं। बताया जाता है कि किन्नरों के पास एक ऐसी शक्ति होती है, जिससे उन्हें मौत का आभास हो जाता है। इसके बाद किन्नर कहीं आना-जाना और यहां तक कि खाना भी बंद कर देते हैं। इस दौरान वे सिर्फ पानी पीते हैं और ईश्वर से अपने और दूसरे किन्नरों के लिए दुआ करते हैं कि अगले जन्म में वे किन्नर न बनें। चलिए जानते हैं कि किस तरह की रस्मों के साथ ये किन्नर अपने लोगों को अंतिम विदाई देते हैं।

यह भी पढ़ें- 19 साल पहले इंसान ने की ऐसी लापरवाही, आज तक अंजाम भुगत रहा है कछुआ

किन्नर समुदाय के अलावा किसी बाहरी व्यक्ति को किन्नर की मौत की खबर बिल्कुल न हो, ये एहतियात बरती जाती है। शव को जहां दफनाया जा रहा हो, वहां अधिकारियों को भी इस बारे में पहले ही बता दिया जाता है कि जानकारी गुप्त रहे।

शवयात्रा के दौरान शव को खड़ा करके अंतिम संस्कार के लिए ले जाया जाता है। ऐसी मान्यता है कि आम लोग अगर मृत किन्नर का शरीर देख भी लें तो मृतक को दोबारा किन्नर का ही जन्म मिलता है।

किन्नर खुद शव यात्रा से पहले मृतक को जूते-चप्पलों से पीटते है और गालियां देते हैं ताकि मृत किन्नर ने जीते-जी कोई अपराध किया हो तो उसका प्रायश्चित हो जाए और अगला जन्म आम इंसान का मिले। किन्नर की मौत के बाद पूरा का पूरा वयस्क किन्नर समुदाय पूरे एक सप्ताह तक व्रत करता है और मृतक के लिए दुआएं मांगता है। किन्नरों में अंतिम संस्कार के वक्त उसके मुंह में किसी पवित्र नदी का पानी डालने का भी रिवाज है। किन्नरों में देर रात में ही अंतिम संस्कार किया जाता है।


हिमाचल अभी अभी Mobile App का नया वर्जन अपडेट करने के लिए इस link पर Click करें …. 

- Advertisement -

loading...
Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Top : News

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

राशिफल

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper


विशेष


HP : Board


सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है