-
Advertisement
Live : देशभर में 3 मई तक बढ़ा Lockdown, बढ़ेगी कठोरता
नई दिल्ली। पीएम नरेंद्र मोदी (PM Modi) मांगलवार को राष्ट्र को संबोधित कर रहे हैं। अपने संबोधन में उन्होंने बाबा साहेब डॉक्टर भीम राव आंबेडकर की जन्म जयंती की बधाई दी। उन्होंने लॉक डाउन के नियमों का पालन करने को लेकर देश का आभार जताया। उन्होंने कहा है कि देश वासियों के सहयोग के कारण ही हम कोरोना वायरस के खतरे को कुछ हद तक टालने में सफल रहे। हम भारत के लोगों की तरफ से अपनी सामूहिक शक्ति का ये प्रदर्शन, लॉकडाउन के इस समय में देश के लोग जिस तरह नियमों का पालन कर रहे हैं,
https://twitter.com/PMOIndia/status/1249918058157629441
कोरोना के खिलाफ लड़ाई में कठोरता और ज्यादा बढ़ाई जाएगी। 20 अप्रैल तक हर कस्बे, हर थाने,हर जिले,हर राज्य को परखा जाएगा, वहां लॉकडाउन का कितना पालन हो रहा है,उस क्षेत्र ने कोरोना से खुद को कितना बचाया है, ये देखा जाएगा।
पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा- ‘अन्य देशों के मुकाबले,भारत ने कैसे अपने यहां संक्रमण को रोकने के प्रयास किए,आप इसके सहभागी भी रहे हैं और साक्षी भी है। एक अनुशासित सिपाही की तरह अपने कर्तव्य निभा रहे हैं। हमारे संविधान में जिस We the People of India की शक्ति की बात कही गई है।
उन्होंने कहा- ‘मैं जानता हूं,आपको कितनी दिक्कते आई हैं। किसी को खाने की परेशानी,किसी को आने-जाने की परेशानी कोई घर-परिवार से दूर है। लेकिन, जितने संयम से अपने घरों में रहकर त्योहार मना रहे हैं, वो बहुत प्रशंसनीय है। आज पूरे विश्व में कोरोना वैश्विक महामारी की जो स्थिति है, आप उसे भली-भांति जानते हैं।
उन्होंने कहा- कोरोना वैश्विक महामारी के खिलाफ भारत की लड़ाई, बहुत मजबूती के साथ आगे बढ़ रही है। आपकी तपस्या,आपके त्याग की वजह से भारत अब तक, कोरोना से होने वाले नुकसान को काफी हद तक टालने में सफल रहा है। जब हमारे यहां कोरोना के सिर्फ 550 केस थे,तभी भारत ने 21 दिन के संपूर्ण लॉकडाउन का एक बड़ा कदम उठा लिया था।
भारत ने,समस्या बढ़ने का इंतजार नहीं किया,बल्कि जैसे ही समस्या दिखी, उसे, तेजी से फैसले लेकर उसी समय रोकने का प्रयास किया। इन सब प्रयासों के बीच,कोरोना जिस तरह फैल रहा है, उसने विश्व भर में हेल्थ एक्सपर्ट्स और सरकारों को और ज्यादा सतर्क कर दिया है।
भारत में भी कोरोना के खिलाफ लड़ाई अब आगे कैसे बढ़े, इसे लेकर मैंने राज्यों के साथ निरंतर बात की है। अगर सिर्फ आर्थिक दृष्टि से देखें तो अभी ये मंहगा जरूर लगता है लेकिन भारतवासियों की जिंदगी के आगे, इसकी कोई तुलना नहीं हो सकती।
सीमित संसाधनों के बीच,भारत जिस मार्ग पर चला है, उस मार्ग की चर्चा आज दुनिया भर में हो रही है।
·
भारत ने holistic approachन अपनाई होती,integrated approachन अपनाई होती,तेज फैसले न लिए होते तो आज भारत की स्थिति कुछ और होती।लेकिन बीते दिनों के अनुभवों से ये साफ है कि हमने जो रास्ता चुना है, वो सही है।
सभी का यही सुझाव है कि लॉकडाउन को बढ़ाया जाए।कई राज्य तो पहले से ही लॉकडाउन को बढ़ाने का फैसला कर चुके हैं।साथियों, सारे सुझावों को ध्यान में रखते हुए ये तय किया गया है कि भारत में लॉकडाउन को अब 3 मई तक और बढ़ाना पड़ेगा
इसलिए हमें Hotspots को लेकर बहुत ज्यादा सतर्कता बरतनी होगी।जिन स्थानों के Hotspot में बदलने की आशंका है उस पर भी हमें कड़ी नजर रखनी होगी।हमारे परिश्रम और हमारी तपस्या को और चुनौती देगा: मेरी सभी देशवासियों से ये प्रार्थना है कि अब कोरोना को हमें किसी भी कीमत पर नए क्षेत्रों में फैलने नहीं देना है। स्थानीय स्तर पर अब एक भी मरीज बढ़ता है तो ये हमारे लिए चिंता का विषय होना चाहिए .
