Covid-19 Update

2,18,523
मामले (हिमाचल)
2,13,124
मरीज ठीक हुए
3,653
मौत
33,697,581
मामले (भारत)
233,205,019
मामले (दुनिया)

टोक्यो पैरालंपिकः ऊना के निषाद कुमार को एक करोड़ देगी हिमाचल सरकार

 जिला ऊना के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश सहित इंडिया का नाम रोशन किया

टोक्यो पैरालंपिकः ऊना के निषाद कुमार को एक करोड़ देगी हिमाचल सरकार

- Advertisement -

हिमाचल प्रदेश सरकार ने टोक्यो पैरालंपिक में सिल्वर मेडल जीतने वाले ऊना के निषाद कुमार को एक करोड़ बतौर पुरस्कार देने की घोषणा की है। सीएम जयराम ठाकुर ने निषाद , उनको कोच के साथ साथ परिजनों को इस उपलब्धि के लिए बधाई दी है। सीएम जयराम ठाकुर ने ट्वीट संदेश में कहा कि साल 2019 में हमारी सरकार ने निषाद को हिमाचल गौरव पुरस्कार से भी सम्मानित किया था। खेलों को बढ़ावा देना और खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाना हमारा ध्येय है ताकि निषाद और उन जैसी प्रतिभाएं आगे भी प्रदेश और देश का नाम ऊंचा करती रहें।

टोक्यो पैरालंपिक (Tokyo Paralympics) खेलों में हिमाचल (Himachal) के खाते में पहला मेडल आया है। पुरुषों की हाई जंप टी-47 कैटेगिरी में ऊना निषाद कुमार ने हासिल किया है। निषाद कुमार (Nishad Kumar) ने राष्ट्रीय खेल दिवस पर हाइ जंप में बेहतर प्रदर्शन करते हुए देश के लिए सिल्वर मेडल प्राप्त किया है। निषाद ने जिला ऊना के साथ-साथ हिमाचल प्रदेश सहित इंडिया का नाम रोशन किया है।

भारत का दूसरा मेडल 

टोक्यो पैरालंपिक गेम्स में ये भारत का दूसरा मेडल है। इससे पहले भारत की ही भाविना बेन पटेल ने टेबल टेनिस क्लास 4 स्पर्धा के महिला एकल का सिल्वर मेडल अपने नाम किया था। निषाद कुमार ने टी47 कैटेगिरी में 2.09 मीटर जंप के साथ दूसरा स्थान हासिल किया। निषाद ने इसी साल दुबई में हुई फाजा विश्व पैरा एथलेटिक्स ग्रां प्री में हाई जंप टी-47 कैटेगिरी में गोल्ड मेडल जीता था। पीएम नरेंद्र मोदी ने निषाद कुमार को बधाई दी।

ऊना से हैं निषाद कुमार 

बता दें कि टोक्यो पैरालिंपिक में भारत को सिल्वर मेडल दिलाने वाले निषाद कुमार हिमाचल प्रदेश के जिला ऊना के उपमंडल अंब के छोटे से गांव बदाऊं के रहने वाले है। 22 वर्षीय निषाद कुमार ने एशियन चैंपनियशिप में भी रिकॉर्ड बनाया हैं।

उन्होंने पैरालिंपिक खेलों की शुरुआत से पहले बेंगलुरु के कोचिंग कैंप में महीनों तक कड़ी मेहनत की थी। इस अहम मुकाबले से पहले उनके गांव में उनके लिए लगातार दुआएं मांगी जा रही थीं। इस मेडल के साथ ही गांव में खुशियों का माहौल है।

राज मिस्त्री का काम करते हैं पिता 

गौरतलब है कि निषाद कुमार के पिता रशपाल राज मिस्त्री का काम करते हैं, जबकि माता पुष्पा देवी गृहिणी है। जबकि एक बड़ी बहन रमा देवी है, जिन्होंने बी कॉम की शिक्षा प्राप्त की है। निषाद कुमार को बचपन से ही खेलों में रूचि थी। निषाद जब पांचवीं कक्षा में थे, तब से ही हाई जंप को लेकर प्रैक्टिस शुरू कर दी थी, जिसके परिणाम आज पैरालंपिक  में सिल्वर में मेडल प्राप्त किया है। अगर निषाद की शिक्षा की बात की जाए, तो सरस्वती विद्या मंदिर कटोहड़ खुर्द में दसवीं तक की पढ़ाई पूरी की। वहीं सरकारी स्कूल में जमा दो की पढ़ाई की।

हिमाचल और देश-दुनिया की ताजा अपडेट के लिए join करें हिमाचल अभी अभी का Whats App Group 

- Advertisement -

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App


विशेष \ लाइफ मंत्रा


Himachal Abhi Abhi E-Paper



सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है