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तीन माह से बंद पठानकोट- जोगिंद्रनगर ट्रैक को खुलने में अभी लगेगा और वक्त

तीन माह से बंद पठानकोट- जोगिंद्रनगर ट्रैक को खुलने में अभी लगेगा और वक्त

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ऋषि महाजन/ नूरपुर। पिछले 3 महीने से बंद पठानकोट- जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर रेलगाड़ियों के बहाल होने में अभी लगभग दो सप्ताह का और समय लग सकता है। लोगों का मानना है कि पहली बार हुआ है कि 3 महीने से रेलवे ट्रैक बंद पड़ा हुआ है। एक तरफ तो सरकार इस रेल लाइन को ब्रॉडगेज करने की बात कर रही है, लेकिन यहां तो नैरोगेज ही 3 महीने से बंद पड़ा हुआ है। लोगों का कहना है कि पता नहीं यह सरकार की नाकामी है कि रेलवे अफसरों की? जिससे कि हिमाचल वासियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।


हालांकि रेल ट्रैक से भारी वर्षा के कारण तलाड़ा रेलवे स्टेशन के पास व गुलेर से रानीताल के बीच पड़े मलबे को हटा लिया, लेकिन रेलवे सूत्रों के अनुसार शिमला से मौसम विभाग की 15 सितंबर तक भारी वर्षा की चेतावनी के मद्देनजर रेलवे बोर्ड कांगड़ा घाटी के पठानकोट- जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर रेलगाड़ियां बहाल करने में किसी भी तरह का कोई जोखिम नहीं उठाना चाहता। अगर 15 सितंबर के बाद मौसम साफ रहा तो रेलगाड़ियों की बहाली की जा सकती है।


26 जून से रेलगाड़ियां बंद होने से कांगड़ा घाटी के लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। रोजाना अप डाउन करने वाले कर्मचारियों व व्यापारियों और स्कूली बच्चों को सात गुणा बस किराया देकर सफर करना पड़ रहा है। गुलेर रेलवे स्टेशन से ज्वालामुखी रोड रेलवे स्टेशन के बीच पड़ने वाले करीब एक दर्जन गांवों के लिए सड़क सुविधा नहीं होने से भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। हालत यह हो गई है कि बरसात में कोई बीमार हो जाये तो 14 किलोमीटर तक पहाड़ी रास्ते से मरीज को पालकी में डाल कर सड़क तक लाना पड़ता है।

रेलगाड़ियां बंद होने से ये गांव हुए हैं प्रभावित

गुलेर से ज्वालामुखी रोड तक धार, टल्ला, मदराटा, हाली बस्ती, चतरा, धंगढ़, बिलासपुर, सकरी, त्रिप्पल, बासा मेहवा व भटेड़ करीब दस हज़ार आबादी रेलगाड़ी बंद होने से पूरी तरह प्रभावित हो गए हैं। इन गांवों के लिए कोई भी सड़क सुविधा नहीं होने से रेलगाड़ी ही एक मात्र यातायात का साधन है। धार पंचायत के जनप्रतिनिधियों का कहना है कि हैं कि सड़क सुविधा नहीं होने व बरसात में रेलगाड़ियां बंद हो जाने से दुखी होकर चतरा व लूणसू गांवों के 54 परिवार पलायन कर चुके हैं और बाकी परिवार भी पलायन की तैयारी कर रहे हैं। गांवों के लिए गुलेर से धंगढ़ वाया लूणसू, धार 14 किमी सड़क का निर्माण 40 साल पहले शुरू हुआ था, लेकिन आज तक सड़क निर्माण नहीं हो पाया है।

अब जून से रेलगाड़ियां बंद हो जाने से गुलेर से रानीताल तक करीब एक दर्जन गांव बाकी गांवों से कट कर रह गए हैं और काले पानी की सजा काट रहे हैं। इस मुद्दे को हरिपुर में आयोजित जनमंच में भी उठाया गया था, लेकिन सरकार व प्रशासन ने भी इस मुद्दे को दबाने की ही कोशिश की। पालमपुर स्थित रेलवे अधिकारी हरीश कटोच ने बताया किपठानकोट -जोगिंद्रनगर रेलमार्ग के बीच भारी वर्षा के कारण जगह-जगह पड़ा मलबा हटा लिया गया है। आज रेल इंजन चला कर रेल ट्रैक का निरीक्षण कर रेलगाड़ियां बहाल की जानी थीं। रेलवे बोर्ड रेल ट्रैक पर किसी भी तरह का जोखिम नहीं उठाना चाहता। मौसम विभाग से मौसम साफ रहने की सूचना मिलने के बाद ही रेलगाड़ियों को बहाल किया जाएगा।

ये रेलगाड़ियां चलती हैं पठानकोट- जोगिंद्रनगर रेल मार्ग पर:-

1. पठानकोट से सुबह सवा दो बजे चलकर सुबह नौ बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52471 नंबर रेलगाड़ी।
2 पठानकोट से सुबह चार बजे चलकर पौने ग्यारह बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52463 नंबर रेलगाड़ी।
3 पठानकोट से दोपहर सवा एक बजे चलकर शाम 9 बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52467 नंबर रेलगाड़ी।
4 पठानकोट से शाम चार बजे चलकर रात साढ़े दस बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52469 नंबर रेलगाड़ी।
5 पठानकोट से शाम छह बजे चलकर शाम 10 बजे ज्वालामुखी रोड पहुँचने वाली 52461 नंबर रेलगाड़ी।
6 पठानकोट से सुबह पौने सात बजे चलकर दोपहर बाद दो बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52465 नंबर रेलगाड़ी।
7 पठानकोट से सुबह दस बजे चलकर शाम साढ़े पांच बजे बैजनाथ पहुंचने वाली 52473 नंबर रेलगाड़ी

बैजनाथ से पठानकोट की ओर

1 ज्वालामुखी से सुबह पांच बजे चलकर सुबह नौ बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52462 नंबर रेलगाड़ी।
2 बैजनाथ से सुबह चार बजे चलकर सुबह 11 बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52464 नंबर रेलगाड़ी।
3 बैजनाथ से दोपहर बाद दो बजकर दस मिनट पर चलकर साढ़े आठ बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52468 नंबर रेलगाड़ी।
4 बैजनाथ से शाम चार बजे चलकर रात साढ़े दस बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52474 नंबर रेलगाड़ी।
5 बैजनाथ से शाम साढ़े पांच बजे चलकर रात 12 बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52470 नंबर रेलगाड़ी।
6 बैजनाथ से सुबह सात बजकर बीस मिनट पर चलकर दोपहर बाद 2 बजकर बीस मिनट पर पठानकोट पहुंचने वाली 52466 नंबर रेलगाड़ी।
7 बैजनाथ से सुबह 11 बजे चलकर शाम साढ़े पांच बजे पठानकोट पहुंचने वाली 52472 नंबर रेलगाड़ियां।

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