Expand

पॉलिटिकल सर्जिकल के बाद सुक्खू-वीरभद्र की मुलाकात, शपथ पत्र से करवाया अवगत

पॉलिटिकल सर्जिकल के बाद सुक्खू-वीरभद्र की मुलाकात, शपथ पत्र से करवाया अवगत

- Advertisement -

शिमला। जमीनी मामले में उलझे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने वक्त की नजाकत को समझते हुए सचिवालय में पहुंचकर सीएम वीरभद्र सिंह से मुलाकात की। आधे घंटे तक हुए वार्तालाप में सुक्खू ने सीएम को वर्ष 2012 के  विधानसभा चुनाव केदौरान नामांकन पत्र के साथ दाखिल किए शपथ पत्र के बारे में अवगत कराया। सुक्खू ने सीएम को बताया कि बीजेपी उन पर जमीन सौदे को छिपाने के जो आरोप लगा रही है, वे गलत हैं। उन्होंने शपथ पत्र में जमीन की जानकारी दी है। इसके साथ ही उनके पास कहीं भी 769 कनाल जमीन नहीं है।

  • शपथ पत्र में उन्होंने हर संपत्ति को दर्शाया हुआ है। उधर, मुलाकात इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि बीते कल हमीरपुर पहुंचकर सीएम वीरभद्र सिंह ने सुक्खू पर लग रहे आरोपों की सत्यतता जांचने के लिए जांच करने की बात कही है।

clpiसुक्खू की परेशानी यह है कि वीरभद्र सिंह ने जांच करने की बात उन्हीं के गह क्षेत्र में जाकर कही है। विपक्ष पहले से ही सुक्खू के जमीनी मामले की जांच करने की बात कर रहा है। यही नहीं नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल तो सुक्खू के मामले को बीजेपी की चार्जशीट में ही शामिल करने की बात कह चुके हैं। ऐसे में चुनावी वर्ष की तरफ बढ़ रहे प्रदेश में कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष के ही आरोपों से घिर जाने पर पार्टी को खासा नुकसान होने की आशंका को नकारा नहीं जा सकता। ऐसे में विपक्ष के हाथ एक बड़ा मुद्दा लग गया,अब अगर सरकार भी जांच बिठा देती है तो सुक्खू की परेशानी डबल हो जाएगी। उन पर अध्यक्ष पद छोड़ने के लिए भी दबाव बढ़ता जाएगा। पहले ही उनकी कुर्सी पर खतरे के बादल मंडराए हुए हैं। बीते कल से चल रहे पॉलिटिकल सर्जिकल के बीच सुक्खू की परेशानी जायज है। अब देखना होगा कि दोनों नेताओं के बीच क्या बातचीत हुई है, किस हिसाब से अगली रणनीति पर काम होगा।

 

वीरभद्र के सर्जिकल स्ट्राइक से तिलमिलाए सुक्खू

अरविंदर सिंह/हमीरपुर।नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल के गृह जिला में पहुंचकर सीएम वीरभद्र सिंह ने जिस तरह से अपनी ही पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष सुखविंद्र सिंह सुक्खू के जमीनी मामले में जांच करवाने की बात कही है वह किसी राजनीतिक सर्जिकल स्ट्राइक से कम नहीं है।

  • cm6धूमल-वीरभद्र के बीच राजनीतिक तौर पर छत्तीस का आंकड़ा होने के चलते सुक्खू अभी तक उस बात का पूरा-पूरा लाभ उठा रहे थे, पर बदले राजनीतिक समीकरणों के बीच धूमल के इस मसले पर मुंह खोलते ही सारी राजनीतिक आवो-हवा ही बदल गई है।
  • वीरभद्र सिंह ने हमीरपुर आकर सुक्खू के मामले की सत्यता जांचने और जांच करवाने की बात ऐसे ही नहीं बोल दी, सरकार के पास दिल्ली में बताने के लिए इतना ही बहुत है कि जब विपक्ष इस मसले पर जांच मांग रहा है तो सरकार को बात माननी ही पड़ेगी।sukhu-6सुक्खू के लिए दिक्कत इस बात की है कि उन्हें हमीरपुर में प्रेम कुमार धूमल की तरफ से कभी राजनीतिक परेशानी आड़े नहीं आती थी पर अब इस मसले के उठने के बाद सुक्खू को दोनों तरफ रक्षात्मक मुद्रा में आना पड़ रहा है। यानी सरकार के पास अब पार्टी के भीतर कहने के लिए एक मजबूत आधार मिल गया है, निश्चित तौर पर इस मसले पर सरकार पहले जिला प्रशासन से एक रिपोर्ट मंगवाएगा, उसके बाद अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।क्योंकि सीएम वीरभद्र सिंह से उनकी दूरियां छिपी नहीं हैं, यह अलग बात है कि सुक्खू पार्टी में सचिवों के मामले पर सचिवालय पहुंचकर वीरभद्र सिंह को थोड़ा पलीज कर आए थे, पर अंदरूनी बात तो यह है कि सरकार खुश नही है। कारण एक नहीं अनेक हैं, सुक्खू के मोदी के बोल झुमलों के ढोल कार्यक्रम के दौरान जिस तरह से पार्टी ने अपना रूख अपनाए रखा वह वीरभद्र सिंह को नागवार गुजर रहा था।
  • वक्त पलटते देर नहीं लगी और निशाने पर स्वयं सुक्खू आ गए। विपक्ष ने हमला बोला तो सरकार को भी उसमें हां में हां मिलानी पड़ी।

dhumalइसके तत्काल बाद सुक्खू ने तिलमिलाते हुए जिस तरह से बयान दिया कि वे किसी भी तरह की जांच से नहीं डरते है, सरकार कोई भी जांच करा ले उससे स्पष्ट हो गया है कि वह भी इन बातों से बाकिफ हैं कि मसला तो उनकी कुर्सी का है। यानी प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष की कुर्सी से सुक्खू को हटाने के लिए यह जमीनी मसला अहम भूमिका अदा कर सकता है, इसमें कोई दोराय नहीं हैं। कहने का मतलब यही है कि वीरभद्र सिंह ने हमीरपुर में आकर जो दो शब्द कहे वह किसी राजनीतिक सर्जिकल स्ट्राइक से कम नहीं है। आने वाले दिनों में यह कांग्रेस की राजनीतिक को गर्माहट देता रहेगा।

- Advertisement -

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Google+ Join us on Google+ Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

RELATED NEWS

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

राशिफल

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper



सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है