Expand

CS बोले, Smart शहर सदैव Smart ही बना रहे

CS बोले, Smart शहर सदैव Smart ही बना रहे

- Advertisement -

Smart City : शिमला। सीएस वीसी फारका ने कहा कि स्मार्ट सिटी, ‘स्मार्ट शासन’ का हिस्सा है और ‘स्मार्ट शासन’ इसका पूरक है। यदि नागरिक केन्द्रित सेवाओं के अद्यतन तथा सुधार के लिए आवश्यक तकनीक का प्रयोग किया जाए तो स्मार्ट सिटी के रूप में विकसित किए जाने वाले शहर आने वाले समय में भी स्मार्ट शहर बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि स्मार्ट शासन के लिए यह सुनिश्चित करना चुनौती है कि स्मार्ट शहर सदैव ही स्मार्ट ही बना रहे, नए शहर भी स्मार्ट सिटी के तौर पर विकसित किए जाए तथा विकास में पिछड़ रहे शहरों को भी स्मार्ट बनाया जाए। सीएस आज ने जर्मन हाउस फॉर रिसर्च एंड इनोवेशन, नई दिल्ली तथा भारत और जर्मनी के विख्यात संस्थानों के समन्वय के तहत ‘स्मार्ट सिटी-2017’ पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला की अध्यक्षता करते हुए यह बात कही।

हिमाचल प्रदेश सर्वश्रेष्ठ शासन के लिए प्रथम आंका

वीसी फारका ने कहा कि हिमाचल प्रदेश को एक सर्वेक्षण के आधार पर हाल ही में छोटे राज्यों की श्रेणी में सर्वश्रेष्ठ शासन के लिए प्रथम आंका गया है, जिसके लिए राज्य को पुरस्कार भी मिला है। जलवायु, भौगोलिक परिस्थितियां, बिखरी हुई जनसंख्या के कारण कम राजस्व के बावजूद प्रदेश निरंतर विकास की ओर अग्रसर है, जो अपने आप में एक उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि विकास प्रक्रिया के चलते लोग ग्रामीण क्षेत्रों से शहरों की ओर पलायन करते हैं, जो शहरों के लिए चुनौती बन जाती है, क्योंकि इससे शहर की स्थाई जनसंख्या के साथ-साथ प्रवासियों को भी मूलभूत सुविधाएं व बेहतर जीवन के लिए आवश्यक परिस्थितियां उपलब्ध करवाने में कठिनाई का सामना करना पड़ता है।

बेहतर जीवन परिस्थितियां उपलब्ध करवाना संभव नहीं

सूचना, संचार तथा तकनीक (आईसीटी) के उपयोग के बिना लोगों को बेहतर जीवन परिस्थितियां उपलब्ध करवाना संभव नहीं है। इसलिए शहरों में शासन, योजना और विकास में नवीनतम तकनीक के उपयोग पर बल दिया जाना चाहिए। सूचना, संचार व तकनीक के सफल प्रयोग तथा सरकार की कार्यप्रणाली में आंतरिक संगठनता व प्रभावी नागरिक सेवाओं के लिए प्रशासनिक पहलों का परिणाम ही स्मार्ट शासन है। स्मार्ट शासन में निष्पक्षता, जबावदेही, क्षमता निर्माण, कौशल विकास और कौशल के उन्नयन के लिए सभी हितधारकों के बीच बहु स्तरीय वार्ता की जापी चाहिए।  कार्यशाला में मुख्य वास्तुकार एनके नेगी ने कहा कि कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य भारत और जर्मनी के बीच स्मार्ट शहरों पर ज्ञान का आदान-प्रदान करने के लिए दीर्घकालिक मंच उपलब्ध करवाना है। इसके अतिरिक्त भारत में स्मार्ट शहरों पर जारी वार्ता को सही दिशा देना तथा हिमाचल प्रदेश में सतत् व स्मार्ट शहरी विकास की मुश्किलों को समझना भी इसका एक उद्देश्य है।

ये भी पढ़ें  : Smart City के रास्ते में BJP बन रही Speed ​​Breaker

- Advertisement -

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Google+ Join us on Google+ Instagram Join us on Instagram Youtube Join us on Youtube

RELATED NEWS

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App

राशिफल

टेक्नोलॉजी / गैजेट्स / ऑटो

Himachal Abhi Abhi E-Paper



सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है