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शिमला में टनल निर्माण से घरों को खतरा-चलौंठी पहुंचे मंत्री अनिरूद्ध , NHAI को मदद देने के निर्देश
Shimla four-lane Tunnel Construction: शिमला के चलौंठी में फोरलेन टनल निर्माण के चलते कई भवनों को खतरा पैदा हो गया है। टनल के अंदर हो रही ब्लास्टिंग से भवनो में दरारें आ रही है, जिसके चलते बीती रात एक भवन को खाली करवाया गया, इसके अलावा अन्य भवनों को भी खतरा पैदा हो गया है वहीं देर रात प्रभावित परिवारों को किसान भवन में शिफ्ट करवाया गया। लोगों में NHAI और टनल बनाने वाली कंपनी के खिलाफ जनता में जबरदस्त आक्रोश है। स्थानीय लोग टनल का काम रुकवाने पर अड़ गए हैं। आज सुबह पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह भी मौके पर पहुंचे और उन्होंने स्थिति का जायजा लिया साथ ही प्रभावित परिवारों से बातचीत की और उन्हें हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया साथ ही एनएचएआई को तुरंत मुआवजा देने की निर्देश दिए।
तुरंत मुआवजा देने को कहा गया है
मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि काफी समय से फोरलेन से प्रभावित लोगों की आवाज को उठा रहे हैं और इसको लेकर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से भी बात भी है। इंटरनल निर्माण में हो रही ब्लास्टिंग के चलते यहां पर कई मकानों को खतरा पैदा हो गया है और 2 से 3 मकान को खाली करवा दिया गया है जबकि ऊपर अन्य मकानों को भी खतरा पैदा हो गया है इसको लेकर NHAI को भी तुरंत मुआवजा देने को कहा गया है। उन्होंने कहा कि मकान के साथ संजौली ढली बाईपास में भी बड़ी-बड़ी इन दरारें आ गई है, जिसे वाहनों के लिए बंद कर दिया गया है।
NHAI पर लापरवाही बताने के आरोप
वहीं प्रभावित परिवारों ने NHAI पर लापरवाही बताने के आरोप लगाए उन्होंने कहा कि कई बार उसको लेकर शिकायत देती गई लेकिन इसकी तरफ कोई ध्यान नहीं देगा और ब्लास्टिंग के चलते उनके घरों को खतरा हुआ है। प्रभावित परिवारों ने टनल बनाने वाली कंपनी पर दुर्व्यवहार के भी आरोप लगाए।
शिमला के चलौंठी में देर रात उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब एक 6 मंजिला रिहायशी मकान में अचानक बड़ी दरारें दिखाई देने लगीं। हालात को देखते हुए प्रशासन ने रात 10 बजे मकान को खाली करवाया।#shimla #homecrack #hotals #fourlanetunnel #tourist pic.twitter.com/Vh3yUXXO4r
— Himachal Abhi Abhi (@himachal_abhi) January 10, 2026
संजौली-ढली बाईपास में भी दरारें
टनल निर्माण की वजह से लोगों के घरों में बड़ी बड़ी दरारें आ गई है। यही नहीं मकानों के साथ साथ संजौली-ढली बाईपास में भी दरारें आई है। इसे देखते हुए प्रशासन ने देर रात ही इस सड़क पर वाहनों की आवाजाही रोक दी और मौके पर पुलिस बल तैनात कर दिया। कुछ लोग आसपास में ठहरे तो कुछ परिवारों को किसान भवन व होटल में शिफ्ट किया गया।शिमला के भट्टाकुफर से संजौली के चलौंठी तक फोरलेन की टनल का काम चल रहा है। चलौंठी में टनल निर्माण की वजह से कई घर खतरे की जद में आ गए है। स्थानीय लोगों का कहना है कि करीब 3 दिन पहले दीवारों में हल्की दरारें दिखने लगी थीं। इस बारे में निर्माण कंपनी और जिला प्रशासन को अवगत भी कराया गया था।तब कंपनी कर्मचारियों ने भवन को सुरक्षित बताते हुए किसी बड़े खतरे से इनकार किया था। शुक्रवार शाम को अचानक दरारें तेजी से बढ़ीं, जिसके बाद स्थिति गंभीर हो गई और देर रात मकान खाली करवाने का फैसला लेना पड़ा।
संजू चौधरी
