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अर्की अस्पताल में उपचार दौरान महिला की मौत- परिजनों का हंगामा, स्वास्थ्य मंत्री के बिगड़े बोल
Solan News: सोलन के तहत अर्की अस्पताल में पत्थरी के ऑपरेशन के बाद एक महिला की मौत हो गई। दुखद ये है कि अस्पताल प्रशासन ने महिला को मृत हालत में ही आईजीएमसी शिमला के लिए रेफर कर दिया। इस बीच अब स्वास्थ्य मंत्री धनीराम शांडिल के बयान पर बवाल मच गया है। जब उनसे इस मामले के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि जांच की जाएगी। इसके बाद उन्होंने मुड़ते हुए कहा कि पानी पीना नहीं तो डेथ होनी है। इस पर वहां उनके साथ मौजूद राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी व अन्य लोग हंस पड़े।
डेथ तो होनी ही है, पानी पीना नहीं-महिला की मौत पर मंत्री
शांडिल के बयान से मचा बवाल@SukhuSukhvinder @jairamthakurbjp @INCKerala @KeralaGovernor @CMOFFICEHP @RahulGandhi @kcvenugopalmp @Naresh_HPCC @BJP4Himachal pic.twitter.com/6A5KGtOo6d— Himachal Abhi Abhi (@himachal_abhi) May 21, 2026
परिजनों को नहीं दी समय पर जानकारी
इस मामले के बाद परिवार के सदस्यों ने उपचार प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं। घटना के बाद क्षेत्र में रोष का माहौल है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। जाहिर है सीमा पत्नी हंस राज निवासी चुनाड़ी को पथरी की समस्या के चलते अर्की अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। अस्पताल में उनका ऑपरेशन किया गया, लेकिन उनकी तबीयत बिगड़ गई। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने उन्हें महिला की वास्तविक स्थिति के बारे में समय पर सही जानकारी नहीं दी। सीमा के पति हंस राज ने बताया कि अस्पताल की ओर से उन्हें कहा गया कि मरीज की हालत गंभीर है और उसे बेहतर उपचार के लिए शिमला स्थित आईजीएमसी रेफर किया जा रहा है। परिजनों के अनुसार जब वे महिला को लेकर आईजीएमसी पहुंचे तो वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद बताया कि महिला की मृत्यु लगभग दो घंटे पहले ही हो चुकी थी।
निष्पक्ष जांच करवाने की मांग
परिजनों ने मामले की उच्चस्तरीय जांच करवाने तथा जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। घटना की खबर फैलते ही अस्पताल परिसर में लोगों की भीड़ जुट गई और क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर चर्चा तेज हो गई। स्थानीय लोगों ने भी स्वास्थ्य विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाने की मांग करते हुए कहा कि सरकारी अस्पतालों में मरीजों के उपचार और आपातकालीन व्यवस्था को अधिक जवाबदेह बनाए जाने की आवश्यकता है। वहीं मामले की जांच के लिए समिति गठित कर दी गई है ।
संजू चौधरी
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