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दर्द से राहत देती है पेन किलर, ऐसे करती है असर, जानें वजह
अक्सर शरीर में दर्द की शिकायत पर डॉक्टर हमें पेन किलर खाने के लिए देते हैं। ये पेन किलर खाते ही हमारा दर्द गायब भी हो जाता है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि पेन किलर में ऐसा क्या होता है, जो कि दर्द कुछ ही देर में खत्म हो जाता है। आज हम आपको बताएंगे कि पेन किलर (Pain Killer) से दर्द कैसे खत्म होता है।
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बता दें कि पैरासिटामोल या ब्रूफेन जैसी दवाइयां हर तरह की दर्द पर खास काम करती हैं। गौरतलब है कि जब हमें कहीं चोट लगती है तो हमारे शरीर में कई ऐसे केमिकल बनते हैं जो हमें दर्द का एहसास करवाते हैं। ऐसे में चोट लगने वाली जगह पर शरीर ज्यादा खून पहुंचाने लगता है। इस खून में व्हाइट ब्लड सेल्स (White Blood Cells) होते हैं, जो चोट को भरने का काम करने में लग जाते हैं।
इसके अलावा इन सेल्स के साथ कई और केमिकल भी चोट लगने वाली जगह तक पहुंचते हैं, जिनमें से एक केमिकल का नाम है प्रोस्टाग्लैंडिग। प्रोस्टाग्लैंडिन (Prostaglandin) केमिकल चोट लगी हुई जगह पर दर्द और जलन पैदा करता है। ऐसे में जब हम इन दवाइयों का सेवन करते हैं तो ये धीरे-धीरे हमारे खून में मिल जाती हैं और चोट लगने वाली जगह के साथ-साथ दिमाग में भी चली जाती हैं। दोनों ही जगहों पर ये दर्द को कम करने के लिए इस केमिकल को बनने से रोकती हैं और इससे फिर हमारा दिमाग हमें ये फील नहीं होने देता कि हमें दर्द हो रही है।
