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मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में डेढ़ घंटे स्ट्रेचर पर पड़ा रहा बस-ट्रक हादसे का घायल, नहीं मिला उपचार

घायल के परिजनों को हुई परेशानी, चिकित्सक पूरी करते रहे कागजी औपचारिकताएं

मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में डेढ़ घंटे स्ट्रेचर पर पड़ा रहा बस-ट्रक हादसे का घायल, नहीं मिला उपचार

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हमीरपुर बिलासपुर। हिमाचल में मंगलवार को घुमारवीं में एचआरटीसी बस (HRTC Bus) और ट्रक (Truck) की आमने सामने हुई भीषण टक्कर में बस चालक की मौत हो गई। जबकि ट्रक चालक (Truck Driver) को ट्रक का कैबिन काट कर बाहर निकालना पड़ा। यही नहीं घायल ट्रक चालक को जब स्थानीय अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद मेडिकल कॉलेज हमीरपुर (Medical College Hamirpur) रेफर किया गया तो वहां पर उसे इलाज के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। घायल ट्रक चालक मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के इंमरजेंसी वार्ड में डेढ़ घंटे तक बेड के लिए संघर्ष करता रहा। इस दौरान घायल स्टªेचर पर ही पड़ा रहा और किसी चिकित्सक ने उसकी सुध नहीं ली। परिजनों ने बताया कि इमरजेंसी वार्ड (Emergency Ward) में उनसे दुर्घटना की एमएलसी (MLC) मांगी गई। चिकित्सक उपचार देने के बजाए कागजी औपचारिकताएं निभाते रहे। पहले एक्सरे और फिर सीटी स्कैन के लिए बार बार एमएलसी की मांग की गई। एक्सरे के बाद सीटी स्कैन के लिए जब डॉक्टर ने लिखा तो इसके लिए फिर घुमारवीं अस्पताल से एमएलसी लाने की मांग की गई है। मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के अधिकारियों से शिकायत और आग्रह करने के बाद ही उनका सीटी स्कैन हो पाया।

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घायल देवेंद्र के भतीजे अमन ने बताया कि मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में जब उनके घायल चाचा को लेकर आए तब घुमारवीं अस्पताल की एक नर्स भी साथ आई थी। नर्स ने रेफर पर्ची को इमरजेंसी वार्ड में जमा करवाया, लेकिन यहां पर उपचार शुरू करने के लिए एमएलसी की मांग की गई। डेढ़ घंटे के बाद उनके चाचा को वार्ड में बेड मिला और फिर उनका एक्सरे हुआ। इसके बाद तीन से चार घंटे तक सीटी स्कैन करवाने के लिए उन्हें संघर्ष करना पड़ा। वहीं इस मामले में मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के एमएस डॉ. रमेश चौहान ने बताया कि घायल व्यक्ति के परिजनों से उनकी बात हुई है। ऐसे मामलों में एमएलसी अनिवार्य होती है, हालांकि घायल की समस्या को ध्यान में रखते हुए उन्हें उपचार दिया गया है। घायल का एक्सरे और सीटी स्कैन भी करवा दिया गया है। देरी के सवाल पर उन्होंने कहा कि नियमों के तहत ही मौके पर मौजूद डॉक्टर को कार्य करना पड़ता है।

 

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