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मां चिंतपूर्णी जयंती पर काटा केक : बवाल उठा तो बारीदार सभा ने पुजारियों को दी चेतावनी
चिंतपूर्णी। ऊना जिला स्थित चिंतपूर्णी मंदिर में अज्ञानतावश हुए एक कार्य पर बारीदार सभा ने कड़ा संज्ञान लिया है। बारीदार सभा (Chintpurni Baridar sabha) के प्रधान रविन्द्र छिंदा ने 26 मई को मां छिन्नमस्तिका जयंती के अवसर पर मंदिर में काटे गए केक पर संज्ञान लेते हुए कहा कि हमारे पुजारियों ने मां की जयंती पर घर पर बनाया हुआ केक मां के आगे काटा था। मंदिर में केक काटने पर बारीदार सभा ने कड़ा विरोध जताया है और आगे के लिए मंदिर में केक (Cake) ले जाने और काटने पर बिल्कुल रोक लगा दी है। सभा ने उन लोगों को चेतावनी दी है जिन्होंने केक और उनको ये भी कहा गया है कि आगे से इस बात का ध्यान रखा जाए।
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रविन्द्र छिंदा ने कहा कि अज्ञानतावश जो कार्य हमारे कुछ पुजारी वर्ग ने किया उसको भविष्य में नहीं होने देंगे। उन्होंने श्रद्धालुओं से भी अपील की है कि आगे से मंदिर में केक लेकर ना आएं। जो भी इस कृत्य को करता पाया गया चाहे पुजारी या श्रद्धालु उस पर पुजारी बारीदार सभा की तरफ से उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। मंदिर में श्रद्धालु सिर्फ हलवा, घी, मेवा, फल आदि लेकर ही आएं। इसी के साथ उन्होंने कहा कि पुजारी रोज कोरोना महामारी का नाश करने के लिए हवन कर रहे हैं और रोज वह मां से प्रार्थना कर रहे हैं कि जल्द से जल्द इस महामारी से संसार को मुक्ति मिले।

बता दें कि मां छिन्नमस्तिका जयंती (Maa Chhinnamastika Jayanti) पर मंदिर में केक काटा गया था और मां को भी चढ़ाया गया था। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। वीडियो को लेकर काफी लोगों ने आपत्ति जताई थी कि मंदिर में इस तरह केक क्यों काटा गया। मामला सीएम जयराम ठाकुर के कानों तक भी पहुंचा था। अब इसे लेकर बारीदार सभा ने कड़ा संज्ञान लिया है। खास बात ये भी है कि वीडियो में पुजारियों के साथ और भी कुछ लोग और बच्चे नजर आ रहे हैं जबकि कोरोना पाबंदियों के बीच मंदिर में श्रद्धालुओं की एंट्री बंद है। इस पर भी काफी सवाल उठ रहे हैं।
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