Covid-19 Update

2,22,890
मामले (हिमाचल)
2,17,495
मरीज ठीक हुए
3,721
मौत
34,200,957
मामले (भारत)
244,634,716
मामले (दुनिया)

शिमला में 2015 में फैला था पीलिया, विभाग ने जांच पूरी करने में लगा दिए साढ़े पांच साल

2 दर्जन से अधिक लोगों की गई थी जान

शिमला में 2015 में फैला था पीलिया, विभाग ने जांच पूरी करने में लगा दिए साढ़े पांच साल

- Advertisement -

शिमला। राजधानी शिमला को 2015 में पीलिया ने अपनी चपेट में लिया था. हजारों लोग पीलिया का शिकार हुए थे. दर्जनों लोगों की मौत भी इससे हुई थी। जांच में पता चला था कि जिस समय शिमला शहर में अश्वनी खड्ड से पानी की सप्लाई की जा रही थी, उस समय वहां लगे ट्रीटमेंट प्लांट का प्रयोग ही नहीं किया जा रहा था।

यह भी पढ़ें:अब IGMC में नहीं लगेगा पीएसएस प्लांट, अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही पड़ी भारी!

लोगों हंगामे के बाद शिमला पुलिस ने जांच के लिए एसआईटी गठित की थी। इसके साथ ही विभागीय जांच भी शुरू हुई थी। पूरे पांच साल बीत जाने के बाद इस विभाग की जांच पूरी हुई है।जांच में इतना समय क्यों लगा ये जांच में शामिल अधिकारी ही बता सकते हैं, लेकिन आखिरकार राज्य सरकार के निर्देश पर शुरू हुई विभागीय जांच अब पूरी हो गई है। जांच की रिपोर्ट सरकार को सौंप दी गई है। जांच के आधार पर अब सरकार जल शक्ति विभाग के तत्कालीन अधिकारियों पर कार्रवाई कर सकती है।

विभागीय जांच में लापरवाही के सबूत मिले हैं। जांच में हर अफसर के अलग-अलग आरोपों की समीक्षा की गई है और उनके जवाबों के आधार पर अंतिम रिपोर्ट तैयार की गई है। जेई से लेकर एक्सईएन स्तर तक के अधिकारियों की भूमिका की जांच की गई है। कुल मिलाकर जांच की फाइल अब सरकार के टेबल पर है। अब देखना ये है कि सरकार इस जांच के आधार पर लापरवाही बरतने वाले अफसरों पर क्या कार्रवाई करती है।

यह भी पढ़ें:हिमाचल: विभाग का नया आदेश, स्कूलों में बच्चे हुए कोरोना पॉजिटिव तो प्रिंसिपल जिम्मेदार

2015 में फैले पीलिया के दौरान हाई कोर्ट के तत्कालीन वीरभद्र सरकार ने 388 कर्मचारियों के नाम दे दिए, जिनके खिलाफ सरकार के अनुसार अवमानना के मामले बनते थे। पीलिया से जुड़े मामले पर सुनवाई के दौरान तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश मंसूर अहमद मीर न्यायाधीश तरलोक सिंह चौहान की खंडपीठ ने कहा था कि एसआईटी मामले की तह तक जाने की बजाय मामले को निपटाने में ज्यादा दिलचस्पी दिखा रही है।

हिमाचल और देश-दुनिया की ताजा अपडेट के लिए join करें हिमाचल अभी अभी का Whats App Group 

 

 

- Advertisement -

हिमाचल अभी अभी बुलेटिन

Download Himachal Abhi Abhi App Himachal Abhi Abhi IOS App Himachal Abhi Abhi Android App


विशेष \ लाइफ मंत्रा


Himachal Abhi Abhi E-Paper



सब्सक्राइब करें Himachal Abhi Abhi अलर्ट
Logo - Himachal Abhi Abhi

पाएं दिनभर की बड़ी ख़बरें अपने डेस्कटॉप पर

अभी नहीं ठीक है