-
Advertisement
नवविवाहिताएं ना करें इस बार व्रत, उद्यापन भी नहीं होगाः पंडित हितेश गौतम
अगर आपका हाल ही में विवाह हुआ है और आप पहली बार पति की लंबी आयु के लिए करवाचौथ का व्रत रखने की सोच रही हैं या फिर आप अपने व्रत का उद्यापन करवाने के बारे में सोच रही हैं तो फिर इस बार इन दोनों की विचारों को अपने मन से निकाल लें। इस बार करवाचौथ का व्रत अस्त में आने के कारण इसकी शुरूआत और उद्यापन नहीं हो पाएंगे। बिलासपुर जिला के बरठीं गांव निवासी प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य पंडित हितेश गौतम ने बताया कि हर वर्ष करवाचौथ का व्रत कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। इस बार यह तिथि 12 अक्तूबर की रात 2 बजे से शुरू हो जाएगी और 13 अक्तूबर की रात 3 बजकर 9 मिनट तक जारी रहेगी। इसलिए 13 अक्तूबर को करवाचौथ का व्रत किया जाएगा, जो रात को चंद्रमा के दर्शनों के साथ संपन्न होगा। लेकिन इस वर्ष शुक्र के अस्त होने के कारण व्रत की शुरूआत और उद्यापन करना लाभकारी नहीं रहेगा।
यह भी पढ़ें- Karwa Chauth Special: महिलाएं करवाचौथ पर छलनी से क्यों देखती है चांद

शास्त्रों के अनुसार शुक्र और बृहस्पति ग्रहों की उदयवस्था में ही व्रतों की शुरूआत और उद्यापन फलदायी माना गया है ।जो महिलाएं पहले से करवाचौथ का व्रत कर रही हैं उनपर इस अस्त का कोई प्रभाव नहीं है। यह सिर्फ नई शुरूआत और समापन के लिए लाभदायी नहीं माना गया है। महिलाएं अपने पति की लंबी आयु के लिए नियमानुसार व्रत कर सकती हैं।


