-
Advertisement
HPUTWA की सुक्खू सरकार को चेतावनी, मांगें ना मानी तो होगा आंदोलन
HPUTWA Warns Sukhu Govt: हिमाचल प्रदेश में सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू (CM Sukhwinder Singh Sukhu) के नेतृत्व वाली सरकार की परेशानी एक बार फिर बढ़ने वाली है। अब हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय अध्यापक कल्याण संघ ( HPUTWA) ने सरकार के बड़े आंदोलन की चेतावनी दे डाली है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की कार्यकारी परिषद की बैठक (HPU Executive Council Meeting)में शिक्षकों से संबंधित करियर एडवांसमेंट स्कीम (CAS), महंगाई भत्ता DA और एरियर के विषयों पर बार-बार मांग पत्र देने के बाद भी कोई चर्चा नहीं हुई। इसकी HPUTWA ने कड़े शब्दों में निंदा की है।
CAS के बारे में अब तक कोई फैसला नहीं लिया
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय अध्यापक कल्याण संघ ( HPUTWA) के अध्यक्ष डॉ. नितिन व्यास ने कहा कि यूजीसी( UGC) ने नया पे स्केल 2016 में दे दिया था, इसे पिछली बीजेपी सरकार ने शिक्षकों को साल 2022 में जारी किया, लेकिन CAS के लिए अलग से अधिसूचना जारी करने की बात कही गई थी। बड़ी हैरानी की बात है कि मौजूदा कांग्रेस सरकार (Congress Government)को दो सालों का वक्त पूरा होने वाला है, लेकिन इस बारे में अब तक कोई फैसला नहीं लिया गया है।
सात हजार कर्मचारियों की पदोन्नति रुकी
डॉ. नितिन व्यास ने कहा कि राज्य सरकार की ओर से इस संबंध में कोई फैसला ना लेने की वजह से विश्वविद्यालयों, कॉलेजों और यूजीसी की ओर से संचालित विभिन्न शिक्षण संस्थानों (Educational Institutions) के सात हजार कर्मचारियों की पदोन्नति रुक गई है। इसकी वजह से NAAC ग्रेडिंग भी प्रभावित हो रही है। शिक्षकों के शोध और व्यावसायिक विकास पर भी इसका विपरीत असर पड़ रहा है। डॉ. नितिन व्यास ने कहा कि यह बेहद हैरानी की बात है कि यही सरकार कॉलेजों में प्रिंसिपल के पदों को ‘पिक एंड चूज’ के आधार पर भर रही है। इसमें प्रक्रिया का भी ध्यान नहीं रखा जा रहा है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय अध्यापक कल्याण संघने राज्य सरकार को चेतावनी दी है कि अगर भविष्य में CAS और इससे संबंधित अन्य प्रावधानों को जारी नहीं किया गया, तो संघ कोई बड़ा आंदोलन करने से भी गुरेज नहीं करेगी।
संजू चौधरी

