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शिमला के KNH से गायनी OPD शिफ्ट पर विरोध:महिला समिति का प्रदर्शन, बीजेपी ने भी खोला मोर्चा
Himachal News: शिमला में ऐतिहासिक कमला नेहरू अस्पताल (KNH) की गाइनी ओपीडी को आईजीएमसी (IGMC) शिफ्ट करने के सरकार के निर्णय ने तूल पकड़ लिया है। इस फैसले के विरोध में बीजेपी और अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति ने सरकार के खिलाफ हल्ला बोल दिया है। जनवादी महिला समिति ने सोमवार को अस्पताल के बाहर एकत्रित हुई महिलाओं ने जोरदार नारेबाजी की और स्पष्ट किया कि वे किसी भी कीमत पर इस 102 वर्ष पुरानी धरोहर को उजड़ने नहीं देंगी।इसके साथ ही शिमला बीजेपी ने भी सरकार के इस फैसले के खिलाफ आंदोलन करने का फैसला किया है।
ओपीडी शिफ्ट करने के तुगलकी फरमान
समिति की महासचिव फल्मा चौहान ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रशासन इस बेशकीमती भूमि पर कब्जा कर भवन निर्माण करना चाहता है। उन्होंने कहा कि सरकार कह रही है कि एक महीने के अंदर अस्पताल खाली करो, और विरोध को देखते हुए आनन-फानन में 16 तारीख तक ओपीडी शिफ्ट करने के तुगलकी फरमान जारी कर दिए गए हैं। यह फैसला पूरी तरह से जनता विरोधी है।
आईजीएमसी में मरीजों का भारी दबाव
फल्मा चौहान कहा कि KNH राज्य का इकलौता ‘मदर एंड चाइल्ड’ अस्पताल है जहां जच्चा-बच्चा को सारी सुविधाएं एक साथ मिलती हैं आईजीएमसी में पहले से ही मरीजों का भारी दबाव है। वहां जिस हिस्से में ओपीडी ले जाने की बात हो रही है, वहां धूप तक नहीं पहुंचती (शेडी एरिया)। उन्होंने कहा कि समिति का कहना है कि यदि सरकार महिलाओं को बेहतर सुविधा देना चाहती है, तो इसी भवन में रोबोटिक सर्जरी और आधुनिक मशीनें लगाई जाएं, न कि इसे बंद किया जाए।
सरकार नाम और पहचान को मिटाने पर तुली
फल्मा चौहान ने कहा कि यह अस्पताल केवल एक इमारत नहीं, बल्कि स्वतंत्रता सेनानी कमला नेहरू की यादों और महिला सशक्तिकरण का प्रतीक है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस ऐतिहासिक नाम और पहचान को मिटाने पर तुली है। उन्होंने कहा कि ‘जब तक फैसला वापस नहीं, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।महिला समिति ने प्रदेश की जनता और महिलाओं से इस निर्णय के खिलाफ लामबंद होने की अपील की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने अपना निर्णय वापस नहीं लिया, तो आने वाले दिनों में उग्र आंदोलन किया जाएगा।
प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल से मिला
बीजेपी का एक प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल कविंद्र गुप्ता से लोक भवन, शिमला में मिला और प्रदेश सरकार के दो महत्वपूर्ण जनविरोधी निर्णयों के खिलाफ विस्तृत ज्ञापन सौंपे।बीजेपी नेताओं ने राज्यपाल को अवगत करवाया कि प्रदेश सरकार द्वारा कमला नेहरू अस्पताल, शिमला की गायनी सेवाओं को IGMC में स्थानांतरित करने का प्रस्ताव न केवल अव्यवहारिक है, बल्कि यह मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं के लिए गंभीर खतरा भी है। उन्होंने कहा कि यह अस्पताल पिछले लगभग 100 वर्षों से प्रदेश की महिलाओं और नवजात शिशुओं के लिए जीवनरेखा के रूप में कार्य करता रहा है, लेकिन बिना किसी स्पष्ट अधिसूचना के “साइलेंट शिफ्टिंग” के माध्यम से इसे कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रतिनिधिमंडल में बीजेपी प्रदेश महामंत्री संजीव कटवाल, मीडिया प्रभारी कर्ण नंदा, कोषाध्यक्ष कमल सूद, सह मीडिया प्रभारी रमा ठाकुर तथा प्यार सिंह कंवर उपस्थित रहे।
संजू चौधरी
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