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वीर सपूत लेफ्टिनेंट कर्नल भानु प्रताप का सैन्य सम्मान के साथ हुआ अंतिम संस्कार
Martyred Bhanu Pratap Singh Mankotia : लद्दाख में सेना के वाहन पर पत्थर गिरने से बलिदान हुए जिला कांगड़ा से संबंध रखने वाले वर्तमान में पठानकोट में सेटल लेफ्टिनेंट कर्नल भानु प्रताप सिंह मनकोटिया का आज पठानकोट में पूरे सैन्य सम्मान से अंतिम संस्कार किया गया। कर्नल भानु प्रताप सिंह मनकोटिया बुधवार सुबह फायरिंग रेंज पर जाते समय लैंड स्लाइडिंग की वजह से बलिदान हो गए थे। सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने लेफ्टिनेंट कर्नल मनकोटिया की शहादत पर श्रद्धांजलि अर्पित की और परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की।
लद्दाख में भारतीय सेना के वाहन पर पत्थर गिरने की दुर्घटना में मूलतः शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के निवासी लेफ़्टिनेंट कर्नल भानु प्रताप सिंह मनकोटिया जी एवं गुरदासपुर के लांस दफ़ादार दलजीत सिंह जी के वीरगति को प्राप्त होने का समाचार अत्यंत दु:खद एवं हृदयविदारक है।
मैं इन वीर सपूतों… pic.twitter.com/1veLSyXDou
— Sukhvinder Singh Sukhu (@SukhuSukhvinder) July 31, 2025
कर्नल भानु प्रताप सिंह के बलिदान से पिता रिटायर्ड कर्नल आरपीएस मनकोटिया, माता सुनीता मनकोटिया व पत्नी तारिणी गहरे सदमे में हैं। वे महज 33 साल की उम्र में देश के लिए बलिदान हो गए। भानु प्रताप सिंह एक बेटे के पिता थे। उनका डेढ़ साल का इकलौता बेटा व्योम है। आज उनका पठानकोट में जालंधर बाईपास चक्की पुल के नजदीक बने श्मशान घाट पर पूरे सैन्य सम्मान से अंतिम संस्कार किया गया। याद रहे कि लद्दाख में भारतीय सेना के वाहन पर पत्थर गिरने से लेफ्टिनेंट कर्नल भानु प्रताप सिंह मनकोटिया एवं गुरदासपुर के लांस दफ़ादार दलजीत सिंह बलिदान हुए थे।
रविंद्र चौधरी

