-
Advertisement
हिमाचल में जमाखोरी-मुनाफाखोरी नहीं चलेगी, ये आदेश हुए हैं जारी
ऊना। आम जनता व उपभोक्ताओं को बाजार में गुणवत्तापूर्ण व उचित मूल्य पर आवश्यक वस्तुओं (Essential Commodities) की उपलब्धता के मद्देनजर डीसी ऊना राघव शर्मा ने जमाखोरी व मुनाफाखोरी (Black Marketing) रोकथाम आदेश 1977 के अन्तर्गत एक अधिसूचना जारी कर आवश्यक वस्तुओं के अधिकतम मूल्य निर्धारित किए हैं तथा जिला में कोई भी विक्रेता या दुकानदार निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत नहीं वसूल सकेगा। अधिसूचना के अनुसार जिला ऊना (Una) में बकरे व भेड़ का मीट 430, सूअर का 250 तथा चिकन बॉयलर 170 रुपए प्रति किलोग्राम जबकि मछली, मत्स्य विभाग द्वारा निर्धारित अधिकतम मूल्य पर बिक सकेगी।
ये भी पढ़ें –कोरोना की बंदिशों के बीच बढ़ी जमाखोरी, खाद्य तेल व जरूरी वस्तुएं 20 फीसदी महंगी
डीसी ने कहा कि जिला में ढाबों पर पका हुआ भोजन फुल डाइट चावल, चपाती के साथ दाल, सब्जी व कढ़ी 80 रुपए, हाफ डाइट एक प्लेट चावल के साथ दाल व सब्जी 50 रुपए, चपाती तवा 6 व तंदूरी 7 रुपए, विशेष सब्जी गोभी आलू मटर, पालक, राजमाह, चना भिंडी 70 रुपए, भरवां परांठा आचार के साथ 25 रुपए,दाल मक्खनी या फ्राइड 60 रुपए, मीट 5 पीस 200 ग्राम प्रति प्लेट 125, चिकन का मूल्य 5 पीस 200 ग्राम 95 रुपए प्रति प्लेट निर्धारित किया गया है। इसके अतिरिक्त दो भटूरे चने या सब्जी के साथ 40 रुपए, समोसा चना 25 व दो समोसा चना 40 प्रति प्लेट बिक सकेगी। इसी तरह दुग्ध उत्पादों में दूध 55 रुपए, प्रति लीटर, पनीर 270 रुपए व दही 75 रुपए प्रति किलोग्राम बेचा जा सकेगा।
राघव शर्मा (Raghav Sharma) ने कहा कि प्रत्येक विक्रेता अथवा दुकानदार उपभोक्ता को कैश मेमो जारी करेगा, जिसकी डुप्लीकेट कॉपी निरीक्षार्थ अपने पास रखेगा। इसके अलावा विक्रय संस्थान के मालिक या हिस्सेदार या प्रबंधक के द्वारा दिनांक सहित हस्ताक्षर की हुई वस्तुओं की रेट लिस्ट संस्थान के प्रवेश द्वार पर लगाना अनिवार्य होगा। उन्होंने कहा कि निर्धारित किए गए दाम आगामी दो माह के लिए लागू रहेंगे। याद रहे कि आज ही हिमाचल अभी अभी ने एक रपट प्रकाशित की है, जिसमें लॉकडाउन (Lockdown) की अफवाहों के बीच खाद्य वस्तुओं की जमाखोरी की बात सामने रखी गई थी। ये अधिसूचना उसी के बाद जारी की गई है।
हिमाचल और देश-दुनिया की ताजा अपडेट के लिए join करें हिमाचल अभी अभी का Whats App Group

